आमेट
Amet News : एडिबल ऑयल तिलहन योजना के अंतर्गत दो दिवसीय संस्थागत आवासीय कृषक प्रशिक्षण शिविर
M. Ajnabee, Kishan paliwal
आमेट. किसान सेवा केंद्र आमेट में कृषि विभाग द्वारा एडिबल ऑयल तिलहन योजना के अंतर्गत दो दिवसीय संस्थागत आवासीय कृषक प्रशिक्षण शिविर का आयोजन हुआ।
सहायक कृषि अधिकारी सुरेंद्र सिंह राजपूत ने बताया कि आमेट ब्लॉक स्तरीय दो दिवसीयआवासीय कृषक प्रशिक्षणशिविर का आयोजन किया गया। जिसमें प्रशिक्षु लचीराम रेगर प्रेमचंद द्वारा दो दिवसीय आवासीय प्रशिक्षण शिविर में उपस्थित कृषकों को किसानी संबंधी विभागीय योजनाओं की जानकारी दी गई।
जिसमे उत्पादकता वृद्धि कैसे हो 21 मूल मंत्रो पर विस्तृत चर्चा व कार्य-योजना एवं ग्राम स्तरीय फसल उत्पादन कार्यक्रम (क्षेत्रफल, उत्पादन व उत्पादकता ,बीज प्रतिस्थापन दर (एसआरआर) बढ़ाने के तरीके, प्रमाणित बीज का अधिकाधिक उपयोग कैसे हो, विभिन्न फसलों की उन्नत किस्में फसल अवशेष प्रबन्धन समन्वित पोषक तत्व प्रबन्धन मृदा परीक्षण के आधार पर खाद व उर्वरक का प्रयोग जिप्सम का फसल उत्पादन में महत्व क्षारीय भूमि सुधार,वर्षा जल संरक्षण एवं शुष्क खेती फसलों की कान्तिक अवस्था पर सिंचाई, फव्वारा सिंचाई से सिंचित क्षेत्र में वृद्धि बून्द-बून्द सिंचाई, जैविक खेती, उन्नत बीजउत्पादन, जैविक तरीके से पोषक तत्व प्रबन्धन, वर्मी कम्पोस्ट, नेडेप व सुपर कम्पोस्ट बनाने की विधि, जैविक तरीके से कीट व्याधि प्रबन्धन, नीम का जैविक खेती में उपयोग, गर्मियों की जुताई, फेरोमेन ट्रेप व प्रकाश पास का उपयोग, अनाज का सुरक्षित भण्डारण, फार्म लेविल ग्रेडिगं (खेत पर ही सफाई, छनाई, ग्रेडिग), सूत्रकृमी प्रबन्धन,आर्थिक क्षति स्तर जानने का तरीका व महत्व विभिन्न नाशी जीवों का प्रबन्धन मे दीमक, कातरा, सफेद लट, अमेरिकन सुन्डी, चितकबरी, मोयला,आरा मक्खी, पेन्टेड बग, सफेद मक्खी, पोड बोरर, फडका आदि नियंत्रण करना, खरपतवार नियंत्रण कब और कैसे करें।
कपास फसल में कीट नियंत्रण की प्रभावी तकनीक का उपयोग करना ,तिलहनी / दलहनी फसल में उत्पादन बढ़ाने के प्रभावी बिन्दु का ज्ञान,फसल विविधिकरण पराली जलाने के संबंध में। नशे की समस्या से निपटने हेतु जागरूकता। जलवायु परिवर्तन से संबंधित बिन्दुओं पर चर्चा की एवं सभी कार्य योजनाओ के बारे मैं प्रशिक्षण दिया।
दिनाक 21 जनवरी 2025 को शिविर का आयोजन होकर 30 किसानों ने भाग लिया तथा आज शिविर का समापन हुआ। जिसके पूर्व शिविर में प्रतिभागी किसानौ का ज्ञानार्जन मुल्यांकन किया गया। इस दौरान प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान पर रहे कृषकों को पुरस्कृत किया गया। इस दौरान कृषि पर्यवेक्षक मनीष कुमार कासोटिया सीताराम खटीक, अनु शेखावत, देवीलाल जाट, रतनसिंह, भेरूसिंह, मिठुसिंह रावत, नारायण लाल रेगर, रोशन लाल सालवी, सुरजमल भील, मांगु भील, बद्रीलाल गाडरी, सहित कई कृषकों ने भाग लिया।
M. Ajnabee, Kishan paliwal