अपराध
मामला भय्यू लाला की संदेहास्पद मौत का..., पोस्टमार्टम रिपोर्ट से बदला जांच का एंगल
paliwalwani
क्या गोली लगी हीं नहीं?लीगल एडवाइजर के सूत्र बताते हैं कि क्या फिर से डेड बॉडी को निकलवा कर डॉक्टर्स से पेनल जाँच करवाई जा सकती है?
गोली, पिस्टल और चार लोग !
मन्दसौर, मध्यप्रदेश.
मामला मन्दसौर जिले के हिस्ट्रीशीटर और ड्रग तस्करी से जुड़े रहे वाहिद उर्फ भय्यू लाला की मौत का मामला पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद नए मोड़ पर पहुंच गया है। शुरुआती तौर पर जहां पुलिस दम घुटने से मौत की बात कह रही थी और परिजन पिटाई से हत्या का आरोप लगा रहे थे, वहीं पोस्टमॉर्टम में सामने आया कि मौत गोली लगने से हुई।
गोली कान के पीछे से घुसी, जिससे उसकी जान गई। एडिशनल एसपी हेमलता कुरील ने इसकी पुष्टि करते हुए कहा कि मौत गोली लगने से हुई है, पुलिस की पिटाई से नहीं। इसके बाद जांच का फोकस अब इस बात पर आ गया है कि गोली किसने चलाई, किन परिस्थितियों में चलाई और घटना के समय भय्यू के साथ मौजूद लोग कौन थे।
जांच में यह भी सामने आया है कि घटना के बाद भय्यू को परिजन गांव से कुछ किलोमीटर दूर तितरोद स्थित एक निजी क्लीनिक ले गए थे, जहां डॉक्टर ने उसे मृत घोषित कर दिया। इसके बाद शव को घर लाकर बेड पर रखा गया और वीडियो बनाया गया। पुलिस ने घर की तलाशी में बाथरुम के गीजर के ऊपर से एक पिस्टल भी जब्त की है। जबकी परिवारजन का आरोप है की पुलिस ने ये पिस्टल रखी है।
अब फोरेंसिक जांच से यह स्पष्ट करने की कोशिश की जा रही है कि गोली इसी हथियार से चली या नहीं। उधर, परिजन अब भी पुलिस पर हत्या का आरोप लगा रहे है। बेटे शाहिद ने पहले पुलिस पर रिश्वत लेने और बाद में मारने का आरोप लगाया था। पत्नी रुखसाना ने दावा किया था कि पुलिस कई घंटों तक घर में रही और पति को पीटा गया।
परिवार का कहना है कि भय्यू सरेंडर की तैयारी में था और सामान्य जीवन शुरु करना चाहता था। अब पोस्टमॉर्टम के बाद मामला और उलझ गया है। गोली लगने की पुष्टि ने पुलिस और परिजनों दोनों के पहले के दावों पर नए सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस अब उन तीन लोगों की तलाश में है जो उसे क्लीनिक ले गए थे और घटना के समय उसके साथ थे।
कुछ सवाल ये भी : जिन सवालों के नहीं मिल रहे जवाब...
-गोली चली कब और कहां...
- यदि मौत गोली से हुई, तो क्या गोली घर के अंदर चली या कहीं और मारकर लाया गया?
- -घर में पुलिस दबिश के दौरान क्या हुआ था...?
- परिजन पुलिस के घर में मौजूद रहने की बात कह रहे हैं, ऐसे में दबिश और मौत के समय का पूरा क्रम अब जांच का विषय है।
- -जो पिस्टल मिली, क्या वही मर्डर वैपन है...?
- बाथरूम से मिली पिस्टल की फोरेंसिक जांच तय करेगी कि गोली उसी से चली या किसी और हथियार से।
- -क्लीनिक तक ले जाने वाले चार लोग कौन थे...?
- ये लोग घटना के अहम गवाह हो सकते हैं। पुलिस उनकी पहचान और भूमिका जांच रही है।
- -पहले दम घुटने की बात क्यों कही गई...?
- पोस्टमॉर्टम से पहले पुलिस ने दम घुटने की आशंका जताई थी। अब गोली की पुष्टि के बाद यह बयान भी सवालों में है।
-वीडियो क्यों बनाया गया..? : शव को घर लाकर वीडियो बनाने की बात सामने आई है। इससे घटनाक्रम को लेकर नई शंकाएं पैदा हो रही हैं।
डीवीआर में क्या मिला...: पुलिस ने भय्यू के घर से सीसीटीवी की डीवीआर जप्ती में ली है। लेकिन, चार दिन बीतने के बाद भी डीवीआर की डिटेल मिली नहीं या जानबूझकर सार्वजनिक नहीं करना चाहती है। आखिर पुलिस को डीवीआर में क्या मिला?
क्या अब लीगल एडवाइजर और परिवारजन फिर से शव का पुनरनिरीक्षण करवा सकते है?
0...राजपाल सिंह परिहार
जिला ब्यूरोचीफ, डायरेक्टर राज़ न्यूज़ मन्दसौर, मध्यप्रदेश
9109589960,9589411603





