भाजपा की राजनीति भी गजब : वसुंधरा की नाराजगी बड़ी, राजस्थान में संकट के बादल छाए
जयपुर :
अपने समर्थकों पर हो रही कार्रवाई और समर्थित विधायकों के टिकट काटे जाने की आशंका के चलते भाजपा की वरिष्ठ नेत्री व पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने नाराज होकर राजस्थान में हो रही परिवर्तन रेैली से अपने आपको अलग कर लिया है। उधर वसुंधरा की नाराजगी के बाद पार्टी के वरिष्ठ नेता उन्हें मनाने में जुट गए हैं।
गौरतलब है कि राजस्थान में कांग्रेस की घेराबंदी के लिए भाजपा बड़े पैमाने पर परिवर्तन यात्रा निकाल रहंी है। इस यात्रा में वसुंधरा शामिल नहीं हो रही हैं। माना जा रहा है कि मौजूदा विधायकों में 24 ऐसे विधायक हैं, जो वसुंधरा समर्थक हैं, जिनके टिकट काटे जाने की आशंका है। इसी को लेकर वसुंधरा पार्टी से नाराज हैं। गौरतलब है कि हाल ही में हुए सर्वे में वसुंधरा को प्रदेश भाजपा का सबसे लोकप्रिय नेता बताया गया था। इसको ध्यान में रखकर भाजपा उनकी अनदेखी नहीं कर सकती।
बता दे : राजस्थान विधानसभा चुनावों को लेकर बीजेपी ने हाल ही में दो समितियां गठित की हैं. इन दोनों समितियों में पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे का नाम नहीं होने से उनके समर्थकों में नाराज़गी है. बीजेपी में चुनाव समितियों का बड़ा महत्व माना जाता है. इसलिए दोनों समितियों में वसुंधरा राजे का नाम नहीं होने से फिर एक बार बीजेपी में उनकी अहमियत को लेकर चर्चा शुरू हो गई है. हालांकि, बीजेपी का कहना है कि वसुंधरा राजे बीजेपी की बड़ी नेता हैं. वे चुनावों में प्रचार-प्रसार करेंगी.


फोटो सोशल मीडिया
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