Indore news : समाजसेविका डॉ. भाग्यश्री खरखड़िया ने किया अनेक लावारिस व्यक्तियों का पिंडदान तर्पण
इंदौर. पिछले 8 वर्षों से लगातार अज्ञात एवं लावारिस शवों का अंतिम संस्कार कर रही, भाग्यश्री खड़खड़िया ने सर्वप्रथम अमावस्या को पांच बुरे अस्थियों का पूजन एवं पिंडदान तर्पण किया, जो कि लगभग 100 लोगों की अस्थियां कहीं जा सकती हैं.
यह आयोजन कृष्णपुरा छत्री, राजवाड़ा में संपन्न हुआ. जिसे पंडित हेमंत जी एवं पंडित श्याम शर्मा जी ने पूरे विधि विधान से संपन्न कराया. इस अवसर पर पंडित हेमंत जी एवं श्याम शर्मा जी बताते हैं कि आज की युग में अपने लोग अपनों का पिंडदान तर्पण करने से बचते हैं, वहीं पर एक महिला का ऐसा किया जाना विरलाई बात है. यह पूरे देश को एक संदेश देती है.
पिछले 8 वर्षों से पंडित श्याम शर्मा जी एवं पंडित हेमंत जी द्वारा इस को पूरे अनुष्ठान को विधिवत करवाया जा रहा है. पंडित श्याम शर्मा जी का कहना है, हमारे हिंदू सभ्यता में स्त्री को मां का रूप कहा जाता है और यह एक अनुपम उदाहरण है कि भाग्यश्री दीदी मां की तरह इन सभी का पिंडदान तर्पण हर वर्ष करती हैं. इनमें कई अस्थियां उन लोगों की होती है, जिनकी अंतिम क्रिया खुद भाग्यश्री दीदी द्वारा करवाई जाती है एवं कई अस्थियां वहां होती है जिन्हें अपने भी छोड़कर चले जाते हैं.
इंदौर शहर के कई मुक्तिधामों से एकत्र की गई, इन सभी अस्थियों का पूजन विधिवत भाग्यश्री दीदी के माध्यम से किया जाता है, यह एक रोचक तथ्य है पिछले 8 वर्षों से लावारिस शवों की सेवा में लगी भाग्यश्री ना तो कोई एनजीओ है ना ही कोई संस्था है ना ही किसी प्रकार का कोई दान वह लेती है, स्वयं के सामर्थ्य से पिछले 8 वर्षों से यह सेवा निभाने का प्रयास जारी है,अस्थियों का पूजन एवं तर्पण करने के पश्चात सभी का विसर्जन नर्मदा में खल घाट में किया गया,
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