Thursday, 14 May 2026

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पति की मौत के बाद किताब लिखकर बटोरी सहानुभूति : महिला को ही पति की हत्या का दोषी ठहराया

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पति की मौत के बाद किताब लिखकर बटोरी सहानुभूति : महिला को ही पति की हत्या का दोषी ठहराया
पति की मौत के बाद किताब लिखकर बटोरी सहानुभूति : महिला को ही पति की हत्या का दोषी ठहराया

अमेरिका. 14 मई (एपी) अमेरिका के यूटा राज्य में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां अपने पति की मौत के बाद बच्चों के लिए दुख और शोक से उबरने वाली किताब लिख कर लोगों की सहानुभूति बटोरने वाली एक महिला को आखिकार पति की ही हत्या का दोषी ठहराया गया है।

अदालत ने बुधवार को उसे बिना पैरोल के आजीवन कारावास की सजा सुनाते हुए कहा कि ऐसी अपराधी समाज के लिए बेहद खतरनाक होती है। कूरी रिचिन्स (35) को मार्च में अपने पति एरिक रिचिन्स की हत्या का दोषी ठहराया गया था। अभियोजन पक्ष के अनुसार, कूरी ने 2022 में पार्क सिटी स्थित घर में अपने पति के कॉकटेल में फेंटेनिल की घातक मात्रा से पांच गुना ज्यादा नशीला पदार्थ मिलाकर उन्हें मार डाला।

जूरी ने उसे बीमा धोखाधड़ी, जालसाजी और हत्या के प्रयास समेत चार अन्य गंभीर अपराधों में भी दोषी पाया। अभियोजन पक्ष के अनुसार कूरी रिचिन्स ने अपने पति को मारने की कोशिश पहले भी की थी। अदालत में पेश साक्ष्यों के मुताबिक, उसने ‘वैलेंटाइन डे’ से कुछ सप्ताह पहले एरिक को फेंटेनिल मिला सैंडविच खिलाकर जहर देने की कोशिश की थी। सैंडविच खाने के बाद एरिक की तबीयत बिगड़ गई थी लेकिन वह बच गया था।

न्यायाधीश रिचर्ड मराजी ने सजा सुनाते हुए कहा, ‘‘ऐसे अपराध करने वाला व्यक्ति आजाद रहने के लायक नहीं है।’’ संयोग से जिस दिन सजा सुनाई गई, उसी दिन एरिक रिचिन्स का 44वां जन्मदिन होता। अभियोजकों ने अदालत को बताया कि कूरी करोड़ों डॉलर के कर्ज में डूबी हुई थी और किसी दूसरे व्यक्ति के साथ भविष्य की योजना बना रही थी। उसने अपने पति की जानकारी के बिना कई जीवन बीमा पॉलिसी ली थीं और उसे विश्वास था कि पति की मौत के बाद उसे 40 लाख डॉलर से अधिक की संपत्ति मिल जाएगी।

इस मामले ने पूरे अमेरिका में सनसनी फैला दी थी क्योंकि गिरफ्तारी से पहले कूरी किताब का प्रचार कर रही थी, जिसमें एक बच्चे के पिता की मौत के दुख को दर्शाया गया था। एरिक रिचिन्स के पिता यूजीन रिचिन्स ने अपने पोतों की रक्षा के लिए कूरी को बिना पैरोल के आजीवन कारावास की सजा देने का आग्रह किया था। पिता की मृत्यु के समय कूरी के बेटों की उम्र नौ, सात और पांच साल थी।

सुनवाई के दौरान उसके तीनों बेटों के बयान भी पढ़कर सुनाए गए। बच्चों ने कहा कि अगर उनकी मां कभी जेल से बाहर आई तो वे खुद को सुरक्षित महसूस नहीं करेंगे। एक बेटे ने कहा, ‘‘आपने लालच में हमारे पिता को हमसे छीन लिया।’’ बच्चों ने बताया कि जब वे अधपका खाना खाने से मना करते थे, तब रिचिन्स उन्हें उनके पालतू जानवरों को मार डालने की धमकी देती थी और युद्धग्रस्त इलाकों में भूख से तड़पते बच्चों के वीडियो दिखाती थी।

उसके सबसे बड़े बेटे ने बताया कि उसकी मां नशे की हालत में उसे ‘‘लगभग हर रोज’’ कमरे में बंद कर देती थी। अभियोजन पक्ष ने अदालत में कूरी के मोबाइल से मिले संदेश और इंटरनेट सर्च रिकॉर्ड भी पेश किए, जिनमें फेंटेनिल की घातक मात्रा और जहर देकर हत्या से जुड़े सवाल खोजे गए थे। हालांकि कूरी लगातार खुद को निर्दोष बताती रही है।

एपी गोला शोभना

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