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ऑफिस देर से आने वाले सरकारी बाबुओं की अब खैर नहीं! केंद्र सरकार ने लागू किए ये नियम

📅 17 June 2024, 12:50 AM • ✍️ paliwalwani • ⏱️ 4 मिनट में पढ़ें
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ऑफिस देर से आने वाले सरकारी बाबुओं की अब खैर नहीं! केंद्र सरकार ने लागू किए ये नियम
ऑफिस देर से आने वाले सरकारी बाबुओं की अब खैर नहीं! केंद्र सरकार ने लागू किए ये नियम

नई दिल्ली.

केंद्र सरकार ने ऑफिस देर से आने वाले और जल्द चले जाने वाले सरकारी बाबुओं पर शिकंजा कसना शुरू कर दिया है. देर से कार्यालय आने वाले अधिकारियों और कर्मचारियों को केंद्र सरकार की ओर सख्त चेतावनी दी गई है. केंद्र की ओर से जारी चेतावनी में कहा गया है कि आदतन देर से आने और कार्यालय से जल्दी चले जाने को गंभीरता से लेना चाहिए.

केंद्र ने यह कदम तब उठाया है, जब यह पाया गया है कि कई कर्मचारी आधार सक्षम बायोमेट्रिक उपस्थिति प्रणाली (एईबीएएस) में अटेंडेंस नहीं बना रहे हैं औरकुछ कर्मचारी नियमित रूप से देरी से आ रहे हैं. कार्मिक मंत्रालय ने एक आदेश में मोबाइल फोन आधारित फेस ऑथेंटिकेशन सिस्टम के इस्तेमाल की वकालत की है. इसके तहत अन्य सुविधाओं के अलावा लाइव लोकेशन डिटेक्शन और जियो-टैगिंग की बात कही गई है.

मंत्रालय की ओर जारी आदेश में कहा गया है कि मौजूदा नियमों के तहत ऐसे कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा सकती है. सभी केंद्रीय सरकारी विभागों को यह सुनिश्चित करने के लिए कहा गया है कि कर्मचारी बिना चूके एईबीएएस का उपयोग करके अपनी उपस्थिति दर्ज करें.

कर्मचारियों पर नकेल कसेगी सरकार

आदेश में कहा गया है कि वे नियमित आधार पर पोर्टल से समेकित रिपोर्ट डाउनलोड करेंगे और चूककर्ताओं की पहचान करेंगे. मौजूदा नियमों का हवाला देते हुए कार्मिक मंत्रालय ने कहा कि प्रत्येक दिन की देरी के लिए आधे दिन की आकस्मिक छुट्टी (सीएल) काट ली जानी चाहिए, लेकिन एक घंटे तक की देरी के लिए, महीने में दो बार से अधिक नहीं, और उचित कारणों से सक्षम प्राधिकारी द्वारा माफ किया जा सकता है.

आकस्मिक छुट्टी काटने के अलावा, कार्यालय में आदतन देर से आने वाले सरकारी कर्मचारियों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई भी शुरू की जा सकती है क्योंकि यह आचरण नियमों के तहत कदाचार के बराबर है.

देर से आने वालों पर होगी कार्रवाई

आदेश में कहा गया है कि जल्दी जाने को भी उसी तरह से माना जाना चाहिए जैसे देर से आने को माना जाता है. किसी कर्मचारी की समय की पाबंदी और उपस्थिति से संबंधित डेटा को भी महत्वपूर्ण असाइनमेंट, प्रतिनियुक्ति, प्रशिक्षण और स्थानांतरण या पोस्टिंग के लिए विचार करते समय ध्यान में रखा जाना चाहिए. सभी सरकारी विभागों और मंत्रालयों को यह सुनिश्चित करने के लिए कहा गया है कि बायोमेट्रिक मशीनें हर समय कार्यात्मक रहें.

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