📅 Friday, 09 October 2026 | 01:49 PM IST
लाइव सेंसेक्स: 72,445.29 ▼ -193.41 (-0.27%) • निफ्टी 50: 22,512.70 ▼ -90.40 (-0.40%) • 🪙 सोना 24K (10g): ₹150,910 • 🥈 चांदी (1kg): ₹229,200 • ☀️ उज्जैन: 33°C (साफ आसमान)
अन्य ख़बरे

26 मई से हो सकता है Facebook और Twitter भारत में बंद...

📅 25 May 2021, 03:58 PM • ✍️ Paliwalwani • ⏱️ 4 मिनट में पढ़ें
शेयर करें:
WhatsApp Facebook Twitter Telegram Instagram
26 मई से हो सकता है Facebook और Twitter भारत में बंद...
26 मई से हो सकता है Facebook और Twitter भारत में बंद...

नई दिल्ली । आज के दौर में ट्विटर, फेसबुक, इंस्टाग्राम, यू ट्यूब जैसी तमाम सोशल साइट्स भारत के करोड़ों लोगों की जिंदगी का हिस्सा बन गई हैं। लेकिन मंगलवार से ये सभी सोशल मीडिया साइट्स बंद हो जाएंगी। देश में इस बात की चर्चा भी जोरों पर है। तो आखिर ये चर्चा क्यों हो रही है? 

निरंकुश हो रहा सोशल मीडिया?

देश में कई वर्ग आरोप लगा रहे हैं कि सोशल मीडिया निरंकुश हो रही है। इसके बाद सरकार ने सेाशल मीडिया कंपनियों को शिकायत और निगरानी के लिए भारत में अफसरों की नियुक्त करने के निर्देश दिए थे। लेकिन भारतीय सोशल मीडिया कंपनी कू को छोड़कर किसी भी सोशल मीडिया कंपनी ने इन निर्देशों का पालन नहीं किया।

सरकार की ओर से 25 फरवरी को 2021 को दिए गए निर्देशों की डेडलाइन आज ख़त्म हो रही है। इसके बाद ये माना जा रहा है कि सरकार इन सोशल मीडिया कंपनियों पर कार्रवाई कर सकती है। 

सरकार ने दिए थे निर्देश

ट्विटर और फेसबुक जैसी कंपनियों को सरकार ने गाइडलाइन बनाने के लिए 3 महीने का वक्त दिया था, जिसकी मियाद आज खत्म हो रही है। अब तक भारतीय कंपनी कू को छोड़कर किसी भी कंपनी ने सरकार को जवाब नहीं ​दिया है। 

केंद्र ने इस साल की 25 फरवरी को फेसबुक, इंस्टाग्राम और ट्विटर जैसी सोशल मीडिया कंपनियों के लिए ज्यादा कड़े नियमों की घोषणा की थी, जिसके तहत उन्हें रिपोर्ट की गई सामग्री को 36 घंटे में हटाना पड़ेगा और भारत में काम करने वाले किसी अधिकारी के साथ एक शिकायत निवारण सिस्टम बनाना होगा। 

इन नियमों के मुताबिक सोशल मीडिया कंपनियों को भारत में अपना ऑफिसर और कॉन्टेक्ट ऐड्रेस देने होंगे। साथ ही कंपलायंस अधिकारी की नियुक्ति, शिकायत-समाधान, आपत्तिजनक कंटेट की निगरानी, कंप्लायंस रिपोर्ट और आपत्तिजनक सामग्री को हटाने जैसे नियम इसमें शामिल हैं। 

दरअसल बीते कुछ सालों से सोशल मीडिया का इस्तेमाल बेहद गलत तरीके से किया जा रहा है। सोशल मीडिया के जरिए अफवाहों को फैलाना, आपत्तिजनक जानकारी शेयर करना, देश में माहौल खराब करने जैसे काम लगातार किए जा रहे हैं। कई बार ऐसे मामले कोर्ट तक भी पहुंचे हैं। सरकार के बार-बार निर्देश देने के बावजूद अब तक सोशल मीडिया कंपनियों की ओर इस मामले में कोई ठोस कदम नहीं उठाए गए थे। इसके बाद सरकार ने सोशल मीडिया कंपनियों को एक सख्त गाइडलाइन बनाने का निर्देश दिया था।

क्या हो सकता है एक्शन?

सूत्रों के मुताबिक अगर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स नियमों का पालन नहीं करते हैं, यानी गाइडलाइन नहीं बनाते हैं तो इन्हें दी गईं कई सुविधाएं सरकार खत्म कर सकती है। इसमें सबसे बड़ी सुविधा सोशल मीडिया कंपनियों की कोर्ट में पार्टी नहीं बनाने की थी जो अब खत्म हो सकती है। यानी इन कंपनियों को कोर्ट में पार्टी बनाया जा सकता है।

📲

पालीवाल वाणी WhatsApp चैनल से जुड़ें

ताज़ा ब्रेकिंग न्यूज़ और समाज के सभी समाचार सबसे पहले अपने फोन पर पाएं।

चैनल से जुड़ें →

संबंधित खबरें

सभी देखें →
WhatsApp हमारे WhatsApp चैनल से जुड़ें