1000 सुहागन महिलाएं फिर से शादी का जोड़ा पहनने की तैयारी में थीं : राज खुला तो सभी रह गए हैरान
1000 युवतियों की पहले से हो चुकी थी शादी : 1000 युवतियों का आवेदन निरस्त
उत्तर प्रदेश.
उत्तर प्रदेश के आगरा से ऐसा मामला सामने आया है जो चर्चा का विषय बन गया है. यहाँ एक हजार सुहागन महिलाएं फिर से शादी का जोड़ा पहनने की तैयारी में थीं. वो दुबारा सात फेरे लेने वाली थी. यह सब उन्होंने मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना का लाभ लेने के लिए किया था. लेकिन उससे पहले खुलासा हो गया.
क्या है पूरा मामला : दरअसल, इस साल आगरा में मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत 1522 जोड़ों की शादियां होनी है. जिसके लिए अप्रैल 2026 से आवेदन शुरू हुआ था. सामूहिक विवाह के लिए 1201 युवतियों ने आवेदन किया था. इन आवेदन का सत्यापन कराया गया था.
जब ब्लॉक स्तर पर जांच कराया गया तो सभी हैरान रह गए. इनमे 1000 युवतियां ऐसी थी जिनकी शादी पहले ही चुकी थी. एक साल के भीतर उन्होंने दूसरी बार शादी के लिए आवेदन किया था. लेकिन इन लोगो ने मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना का लाभ पाने के लिए फिर से आवेदन कर दिया था. जब उनसे इस बारे में पूछा गया तो कहने लगी उन्हें इस योजना का लाभ नहीं मिला इस लिए आवेदन किया.
वहीँ, इन 1000 युवतियों का आवेदन निरस्त कर दिया गया है. जिनमे बाह, अछनेरा और जैतपुर विकास खंड की शामिल है. जिला समाज कल्याण अधिकारी नगेंद्रपाल सिंह ने बताया कि मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना में किसी तरह की लापरवाही नहीं बरती जाएगी.
1000 युवतियों का आवेदन निरस्त करने के बाद अब केवल 201 युवती बची है. पंचायत सचिव, ग्राम विकास अधिकारी और बीडीओ को दोबारा आवेदन मांगने के निर्देश दिए गए हैं.
क्या सामूहिक विवाह योजना : मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना का उद्देश्य अत्यधिक खर्चीले विवाह समारोहों को कम करना है. इस योजना के तहत विवाह कुल 51,000 रूपए की सहायता राशि प्रदान की जाती है. जिसमें 35,000 रुपय दुल्हन के खाते में भेजी जाती है. इसके अलावा विवाह खर्च के किये 16,000 रूपए दिए जाते हैं. इसका लाभ उन परिवार को मिलता है जिनकी वार्षिक आय ₹2,00,000 तक है.
पालीवाल वाणी WhatsApp चैनल से जुड़ें
ताज़ा ब्रेकिंग न्यूज़ और समाज के सभी समाचार सबसे पहले अपने फोन पर पाएं।
संबंधित खबरें
सभी देखें →