इंदौर : सवर्ण समाज ने सौंपा ज्ञापन : नवंबर में दिल्ली कूच की घोषणा, आंदोलन को राष्ट्रीय स्तर पर ले जाने का निर्णय
जातिगत आधार वाली व्यवस्थाओं की समीक्षा की मांग को लेकर सवर्ण समाज ने सौंपा ज्ञापन
नवंबर में दिल्ली कूच की घोषणा, आंदोलन को राष्ट्रीय स्तर पर ले जाने का निर्णय
Anil Bagora-Sunil Paliwal
इंदौर.
UGC की University Grants Commission (Promotion of Equity in Higher Education Institutions) Regulations, 2026 को वर्तमान स्वरूप में वापस लेने, आरक्षण व्यवस्था के आधार की समीक्षा कर उसे आर्थिक स्थिति से जोड़ने तथा अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (Prevention of Atrocities) Act, 1989 की समीक्षा/समाप्ति की मांग को लेकर इंदौर में सवर्ण समाज एवं विभिन्न सामाजिक संगठनों की ओर से राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन प्रस्तुत किया गया।
सवर्ण सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष अनुप शुक्ला ने कहा कि उनकी मांगों का उद्देश्य किसी जाति या समुदाय के विरुद्ध खड़ा होना नहीं, बल्कि सभी नागरिकों के लिए समानता, समान अवसर और सामाजिक समरसता की व्यवस्था को मजबूत करना है। मां करणी सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष कु. धर्मेन्द्र सिंह गौतम ने बताया ज्ञापन में UGC Equity Regulations, 2026 को वर्तमान स्वरूप में वापस लेकर निरस्त करने, आरक्षण व्यवस्था की व्यापक समीक्षा कर आर्थिक आधार को प्रमुख आधार बनाए जाने की दिशा में आवश्यक संवैधानिक एवं विधायी प्रक्रिया प्रारंभ करने तथा SC/ST (Prevention of Atrocities) Act, 1989 की समीक्षा करते हुए सभी नागरिकों के लिए समान एवं निष्पक्ष कानून व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की गई। कायस्थ समाज से मनीष निगम ने कहा कि सामाजिक एवं आर्थिक रूप से पिछड़े लोगों को सहायता और अवसर उपलब्ध कराने की नीतियों पर व्यापक विमर्श होना चाहिए तथा ऐसी व्यवस्था विकसित की जानी चाहिए जिससे सामाजिक समरसता और समान नागरिकता की भावना मजबूत हो।
नवंबर में दिल्ली कूच की घोषणा
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए महंत आनंद स्वरूप महाराज, शांभवी पीठाधीश्वर एवं संस्थापक काली सेना ने आंदोलन को राष्ट्रीय स्तर पर ले जाने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि नवंबर माह में देश के विभिन्न क्षेत्रों से समाजजन एवं विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधि दिल्ली पहुंचेंगे और अपनी मांगों को लोकतांत्रिक एवं कानूनसम्मत तरीके से सरकार के समक्ष रखेंगे। उन्होंने कहा कि यदि सरकार की ओर से इन मांगों पर संतोषजनक पहल नहीं होती है तो आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा। अपने संबोधन में उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के इस्तीफे की मांग भी उठाई और कहा कि आंदोलनकारी अपनी मांगों को लेकर दिल्ली तक संघर्ष जारी रखेंगे।
महंत आनंद स्वरूप महाराज ने भाजपा की नीतियों पर सवाल उठाते हुए कहा कि एक ओर सामाजिक समरसता की बात की जाती है, वहीं दूसरी ओर उनके मतानुसार ऐसी व्यवस्थाओं को समर्थन दिया जा रहा है जिन्हें वे समाज में जातिगत विभाजन को बढ़ाने वाला मानते हैं। उन्होंने सवर्ण समाजजनों से आगामी चुनावों में कांग्रेस को समर्थन नहीं देने की अपील भी की। उन्होंने कांग्रेस और राहुल गांधी की जातिगत राजनीति संबंधी नीतियों की आलोचना करते हुए कहा कि उनके विचार में कांग्रेस की राजनीति भी समाज को विभिन्न जातीय समूहों में बांटने का काम करती है।
आंदोलन को शांतिपूर्ण एवं लोकतांत्रिक तरीके से आगे बढ़ाने का निर्णय
कार्यक्रम में सवर्ण सेना ने कहा कि आंदोलन का आगामी चरण देशव्यापी होगा। सवर्ण सेना ने स्पष्ट किया कि दिल्ली में प्रस्तावित कार्यक्रम लोकतांत्रिक अधिकारों के तहत शांतिपूर्ण एवं कानूनसम्मत तरीके से आयोजित किया जाएगा। काली सेना अध्यक्ष अंकित तिवारी ने कहा कि उनकी लड़ाई किसी जाति, समुदाय या व्यक्ति के विरुद्ध नहीं, बल्कि उनके अनुसार जातिगत आधार पर बने ऐसे प्रावधानों और व्यवस्थाओं की समीक्षा के लिए है जिन्हें वे समान नागरिकता की भावना के अनुरूप नहीं मानते।
ज्ञापन का वाचन
कार्यक्रम में राष्ट्रपति के नाम प्रस्तुत ज्ञापन का वाचन श्री परशुराम सेना मध्यप्रदेश विधि प्रकोष्ठ के प्रदेश संयोजक एडवोकेट नमन दुबे द्वारा किया गया। कार्यक्रम के अंत में आयोजकों ने घोषणा की कि यदि उनकी मांगों पर अपेक्षित कार्रवाई नहीं होती है तो आंदोलन को आगामी चरण में और व्यापक किया जाएगा तथा नवंबर माह में दिल्ली में बड़ा कार्यक्रम आयोजित कर केंद्र सरकार के समक्ष मांगें रखी जाएंगी। आयोजकों ने कहा कि उनका उद्देश्य सामाजिक समरसता, समान नागरिकता और समान अवसर के विषय पर राष्ट्रीय स्तर पर व्यापक संवाद एवं जनजागरण करना है।
विभिन्न सामाजिक संगठनों एवं समाजजनों की सहभागिता
कार्यक्रम में महंत आनंद स्वरूप महाराज, शांभवी पीठाधीश्वर एवं संस्थापक काली सेना, अनुप शुक्ला, राष्ट्रीय अध्यक्ष सवर्ण सेना एवं प्रदेश अध्यक्ष श्री परशुराम सेना मध्यप्रदेश, कु. धर्मेन्द्र सिंह गौतम, राष्ट्रीय अध्यक्ष मां करणी सेना एवं राष्ट्रीय संयोजक सवर्ण सेना, अंकित तिवारी, प्रदेश अध्यक्ष काली सेना, मनीष निगम, कायस्थ समाज इंदौर, पंडित विनय दुबे, अखिल भारतीय ब्राह्मण एकाकृत परिषद, पंडित प्रदीप जोशी, अखिल भारतीय औदुम्बर ब्राह्मण महासभा,मनीष बिसानी, माहेश्वरी समाज, कमलेश्वर दीक्षित, सवर्ण सेना, सुरेन्द्र अग्रवाल, वैश्य समाज, हीरालाल त्रिवेदी (पूर्व IAS), राष्ट्रीय अध्यक्ष सपाक्स पार्टी सहित प्रकाश शर्मा, सुदेश पाण्डेय, प्रेम बागोरा, विजयेंद्र दीक्षित, धीरज मैथिल, उमेश द्विवेदी, जय कौशल, मराठी समाज से श्री गांवड़े जी, सचिंदर श्रीवास्तव, निखिल भटनागर, डॉ. प्रकाश निगम, राकेश श्रीवास्तव एवं ठाकुर धर्मेंद्र सिंह सहित विभिन्न सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि, पदाधिकारी एवं समाजजन उपस्थित रहे।
पंडित संदीप शर्मा
परशुराम सेना मध्यप्रदेश/सवर्ण सेना भारत
पालीवाल वाणी WhatsApp चैनल से जुड़ें
ताज़ा ब्रेकिंग न्यूज़ और समाज के सभी समाचार सबसे पहले अपने फोन पर पाएं।
संबंधित खबरें
सभी देखें →