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कलियुग के कर्मफलदाता 'शनि देव' को इन कामों को करने से आता है, भयंकर क्रोध

धर्मशास्त्र Published by: paliwalwani Updated Tue, 05 May 2026 10:50 PM
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Shani Dev : कहते हैं शनि देव को कभी क्रोध नहीं दिलाना चाहिए. क्योंकि एक बार शनि नाराज हो जाएं तो आसानी से शांत नहीं होते हैं.

शनि का नाम सुनते हैं लोगों के मन में एक भय व्याप्त हो जाता है. शनि देव सदैव अशुभ फल प्रदान करते हैं ऐसा नहीं है. शनि जब शुभ होते हैं तो व्यक्ति को जीवन में अपार सफलताएं प्रदान करते हैं. लेकिन शनि को कुछ काम पसंद नहीं है. इसलिए इनका ध्यान रखना चाहिए. 

शनि हैं कर्मफलदाता

शास्त्रों में शनि देव को एक महत्वपूर्ण ग्रह माना गया है. शनि को कर्मफलदाता भी कहा गया है. शनि कलियुग के दंडाधिकारी भी हैं. इसलिए लोग इनसे भय खाते हैं. लेकिन शनि उन्हीं लोगों को दंड देने का कार्य करते हैं जो गलत कार्य करते हैं, शनि को प्रसन्न रखना है तो इन कामों को भूलकर भी नहीं करना चाहिए, क्योंकि इन कामों को करने वालों को शनि देव कभी माफ नहीं करते हैं.

नियम का पालन करें

शनि उन लोगों को कठोर दंड देते हैं जो नियमों का पालन नहीं करते हैं. नियम, कानून को तोड़ने वालों को शनि अवश्य ही सजा देते हैं. 

दूसरे के धन पर बुरी नजर

शनि देव उन लोगों को कठोर दंड देते हैं जो दूसरों के धन पर बुरी नजर रखता है. ऐसे लोगों को शनि अपनी दशा, साढ़ेसाती या ढैय्या के समय परेशानी प्रदान करते हैं.

शनि ऐसे लोगों को कभी माफ नहीं करते हैं

शनि उन लोगों को कभी माफ नहीं करते हैं जो कमजोर लोगों को सताते हैं. शनि कमजोर और परिश्रम करने वालों का प्रतिनिधित्व करते हैं. जो लोग असहाय, दिव्यांग, कठोर परिश्रम से जीवनयापन करते हैं उन्हें कभी नहीं सताना चाहिए. दूसरों के अधिकारों का अतिक्रमण और हनन करने वालों को भी शनि माफ नहीं करते हैं.

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● Disclaimer :इस लेख में दी गई ज्योतिष जानकारियां और सूचनाएं लोक मान्यताओं पर आधारित हैं. इस लेख में बताए गए उपाय/लाभ/सलाह और कथन केवल सामान्य सूचना के लिए हैं. इस लेख में निहित जानकारी विभिन्न माध्यमों/ज्योतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/मान्यताओं/धर्मग्रंथों/दंतकथाओं से संग्रहित की गई हैं. पाठकों से अनुरोध है कि लेख को अंतिम सत्य अथवा दावा न मानें एवं अपने विवेक का उपयोग करें. पालीवाल वाणी इनकी पुष्टि नहीं करता है. इन पर अमल करने से पहले इससे संबंधित पंडित ज्योतिषी से संपर्क करें तथा चिकित्सा अथवा अन्य नीजि संबंधित जानकारी के लिए अपने नीजि डॉक्टरों से परार्मश जरूर लीजिए. पालीवाल वाणी तथा पालीवाल वाणी मीडिया अंधविश्वास के खिलाफ है.
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