चीन के धोखे से नेपाल में जल प्रलय? : कस्टम यार्ड से 1,200 गाड़ियां बहीं, नेपाल में बहुत बड़ी है तबाही

विज्ञापन

काठमांडू. तिब्बत में ग्लेशियर लेक फटने से बुधवार को नेपाल में बहुत भारी तबाही मची है, जिसकी चपेट में भारत में बिहार के कई जिलों के भी बाढ़ आने की आशंका है और अलर्ट जारी किया गया है। काठमांडू में मौजूदा हमारे सूत्र ने जो कुछ बताया है, उससे वहां इस कुदरती तबाही से बहुत भारी नुकसान होने की आशंका है। नेपाली मीडिया के मुताब‍िक अब तक कम से कम 18 लोगों के मारे जाने की पुष्टि हुई है। वहीं भारत के 108 नागरिक लापता हैं।

नेपाल के पहाड़ी जिले रसुवा में भोटेकोशी नदी में आए जबरदस्त अचानक बाढ़ से कम से कम 18 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है। सैकड़ों लोग अभी गायब बताए जा रहे हैं। इस बाढ़ ने नदी के किनारे बसे इलाकों और बुनियादी ढांचे को भारी नुकसान पहुंचाया है। नेपाली सेना, आर्म्ड पुलिस फोर्स और नेपाल पुलिस को तैनात किया गया है और खोज और बचाव अभियान के लिए 14 हेलीकॉप्टर लगाए गए हैं। नेपाल-चीन सीमा के पास तिमुरे में तैनात आर्म्ड पुलिस फोर्स के 9 जवान लापता बताए जा रहे हैं।

इस भयानक प्राकृतिक आपदे के बाद नेपाल में चीन की मंशा को लेकर सवाल उठ रहे हैं। कई लोगों ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर चीन की भूमिका पर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि चीन ने वक्त रहते नेपाल को तिब्बत से आने वाले इस बाढ़ की जानकारी नहीं दी।

  • लापता लोग : नेपाल पर्यटन बोर्ड के अनुसार, लगभग 384 लोग लापता हैं, जिनमें 100 से अधिक भारतीय नागरिक और कई सुरक्षाकर्मी शामिल हैं।
  • क्षति : कई गांव, सड़कें, पुल और हाइड्रोपावर प्रोजेक्ट बह गए हैं।
  • अलर्ट : भारत के बिहार और अन्य सीमावर्ती इलाकों में गंडक व त्रिशूली नदी के बढ़ते जलस्तर को लेकर हाई अलर्ट जारी किया गया है।

 

नेपाल में भयानक बाढ़ में अनगिनत लोग लापता

तिब्बत में एक ग्लेशियर लेक फटने से नेपाल के कई इलाकों में भयानक बाढ़ आई और इसकी वजह से बड़ी तबाही मची है। नेपाल से बाढ़ की आ रही कुछ तस्वीरें और वीडियो बहुत ही विचलित करने वाली हैं।

नवभारत टाइम्स ऑनलाइन को काठमांडू में मौजूद कृष्णचंद्र झा ने बताया है कि अचानक बाढ़ के तेज बहाव की चपेट में आने से अनगिनत लोग लापता हैं, जिनकी कोई सूचना नहीं मिल पा रही है।

इस बाढ़ की वजह से नेपाल में कई पुल और हाइवे टूट गए हैं और चारों चरफ से अफरा-तफरी की जानकारी मिली रही है।

  • 'नेपाल में एक कस्टम यार्ड से 1,200 वाहन बाढ़ में बहे'
  • हमारे सूत्र के अनुसार अकेले एक कस्टम यार्ड से लगभग 1,200 वाहन बाढ़ में बह गए हैं। पानी इतने भयानक तरीके से आया कि पल भर में सबकुछ तबाह हो गया।
  • इस बाढ़ की चपेट में सबसे अधिक रसुवा जिला आया है, जहां के रसुवागढ़ी बॉर्डर ट्रेड पॉइंट और आसपास के क्षेत्रों में जल प्रलय की स्थिति पैदा हुई है।
  • इस बाढ़ की वजह से चितवन,नुवाकोट, धाडिंग और गोरखा इलाकों में भयानक बर्बादी की आशंका बनी हुई है।

काठमांडू में कई रास्ते इमरजेंसी वाहनों के लिए बंद

नेपाल की बालेंद्र शाह सरकार भोटे कोशी और त्रिशुली नदियों के किनारे बसे लोगों को सुरक्षित स्थानों पर भेजने के लिए रेस्क्यू ऑपरेशन चला रही है।

बाढ़ राहत और बचाव के काम में नेपाली सेना, पुलिस लगी हुई है। नेपाली सेना एमआई-17 हेलिकॉप्टरों से सर्च और बचाव का काम कर रही है।

काठमांडू ट्रैफिक पुलिस ने इमरजेंसी घोषित करते हुए पृथ्वी हाईवे, गल्छी-नुवाकोट-रसुवा-स्याफ्रुबेसी रोड और मुग्लिन-नारायणगढ़ रूट पर आम वाहनों की आवाजाही रोक दी है।

विज्ञापन

और पढ़ें...

ये भी पढ़ें...

WhatsApp पर शेयर Facebook