बीकानेर. राज्य सरकार ने बड़ा फैसला लेते हुए निकाय और पंचायत चुनाव से जुड़ी दो-संतान शर्त को समाप्त कर दिया है। पंचायत चुनाव से पहले सीएम भजनलाल शर्मा के इस राजनीतिक दांव ने सियासी गलियारों में नई हलचल पैदा कर दी है। प्रदेश सरकार की ओर से लिए गए फैसले के अनुरूप अब दो से अधिक संतान वाले व्यक्ति भी स्थानीय निकाय और पंचायत चुनाव लड़ सकेंगे।
गौरतलब है कि यह निर्णय पूर्व की भैरोंसिंह शेखावत सरकार की ओर से करीब 30 वर्ष पहले लागू की गई पाबंदी को बदलने वाला फैसला है। शेखावत सरकार ने तब जनसंख्या नियंत्रण के उद्देश्य से दो से अधिक बच्चों वाले लोगों के चुनाव लड़ने पर रोक लगाई गई थी। नए फैसले से चुनावी दायरा बढ़ेगा और अधिक लोगों को लोकतांत्रिक प्रक्रिया में भागीदारी का अवसर मिलेगा।
गौरतलब यह भी है कि सीएम भजनलाल शर्मा कैबिनेट ने राजस्थान पंचायत अधिनियम की धारा 19 और नगर पालिका अधिनियम की धारा 24 में संशोधन को मंजूरी दी है। इस संबंध में संसदीय कार्य मंत्री जोगाराम पटेल ने बताया कि कैबिनेट ने राजस्थान पंचायती राज अधिनियम 2026 और राजस्थान नगर पालिका अधिनियम 2026 को मंजूरी दे दी है। इसके चलते चुनाव लड़ने के लिए दो बच्चों की बाध्यता समाप्त करने का निर्णय लिया गया है, जिस संबंध में सरकार जल्द विधेयक लेकर आएगी।