<?xml version = "1.0" encoding = "UTF-8" ?>
<rss xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom" version="2.0">
	<channel>
		<atom:link href="https://paliwalwani.com/rss/informative-inspirational-story" rel="self" type="application/rss+xml"/>
		<title>ज्ञानवर्धक प्रेरक प्रसंग News in Hindi, ज्ञानवर्धक प्रेरक प्रसंग Latest News, ज्ञानवर्धक प्रेरक प्रसंग News</title>
		<description>
		<![CDATA[
		ज्ञानवर्धक,प्रसंग		]]> 
		</description>
		<link>https://paliwalwani.com/informative-inspirational-story</link>
		<lastBuildDate>Wed, 23 Sep 2026 22:13:28 +0530</lastBuildDate>
		<pubDate>Wed, 23 Sep 2026 22:13:28 +0530</pubDate>
        <item>
            <title><![CDATA[ उत्तम त्याग : छोड़ना नहीं, मुक्त होना है : प्रोफेसर (डॉ.)अशोक अग्रवाल ]]></title>
            <description><![CDATA[ पर्युषण पर्व लेखमाला : अष्टम दिवस दो फकीर थे, जो जगह-जगह साथ मे घूमते हुए बस्तियों में अपना गुजारा करते थे।उनमें से एक फकीर अपनी झोली में थोड़ा-बहुत पैसा आड़े वक्त के लिए जोड़कर रखने में विश्वास रखता था,इसके विपरीत दूसरे फकीर को परमात्मा पर पूरा भरोसा था और कुछ भी पास में नहीं रखने की सलाह वह दूसरे को भी देता था।इस बात पर दोनों में आए दिन बहस भी होती रहती थी। एक बार वे चलते हुए... ]]></description>
            <link>https://paliwalwani.com/informative-inspirational-story/best-sacrifice-not-to-leave-to-be-free-professor-dr-ashok-aggarwal</link>
            <guid isPermaLink="false">66f3e34c2969bbcd255ec65648da1ef3</guid>
            <pubDate>Wed, 23 Sep 2026 22:13:28 +0530</pubDate>
            <author>
				<![CDATA[ Paliwalwani ]]>
			</author>
        </item>
        <item>
            <title><![CDATA[ संयम और तप में क्या अंतर है ? ]]></title>
            <description><![CDATA[ यद्यपि संयम और तप एक ही सिक्के के दो पहलु हैं तथा मोक्षमार्ग में ये दोनों ही अनिवार्य तत्त्व हैं, इनमें से किसी का भी महत्त्व कम नहीं हैं, एक नज़र में ये लगते भी एक जैसे हैं, बोलते समय भी संयम के साथ तप अपने आप जुड़ जाता है। हम कहते हैं कि बिना संयम-तप धारण किये कुछ भी नहीं होगा। किन्तु जिनागम में लगभग प्रत्येक जगह इनकी व्युत्पत्ति अर्थ ,परिभाषा ,भेद प्रभेद सब कुछ अलग अलग प्रतिपादित... ]]></description>
            <link>https://paliwalwani.com/informative-inspirational-story/what-is-the-difference-between-restraint-and-penance</link>
            <guid isPermaLink="false">6925d8765421f6ad6b1830d9aaeda21d</guid>
            <pubDate>Wed, 23 Sep 2026 22:13:07 +0530</pubDate>
            <author>
				<![CDATA[ Paliwalwani ]]>
			</author>
        </item>
        <item>
            <title><![CDATA[ आज का संदेश : अच्छा सोचो अच्छा होगा ]]></title>
            <description><![CDATA[ परिवार वह छांव है जहां थका मन सुकून पाता है और रिश्ते वह धागे हैं जो जीवन को मजबूती से बांधते हैं वाणी के लिए प्रार्थना उत्तम है हाथों के लिए दान उत्तम है चेहरे के लिए हंसी उत्तम है और मन के लिए प्यार उत्तम है. आप इंसानों की बात करते हैं.. यहाँ तो पत्थरों में भी भेद है कोई सड़क पर पड़ा है तो कोई गहनों में जड़ा है। जो भी व्यक्ति आपके बारे में आलोचनात्मक या... ]]></description>
            <link>https://paliwalwani.com/informative-inspirational-story/todays-message-think-good-it-will-be-good</link>
            <guid isPermaLink="false">87e2a7183d61a67a0f95f8af26e05c7d</guid>
            <pubDate>Sun, 06 Sep 2026 11:35:15 +0530</pubDate>
            <author>
				<![CDATA[ Paliwalwani ]]>
			</author>
        </item>
        <item>
            <title><![CDATA[ बुढ़ापा देने के पीछे भगवान का अद्भुत उद्देश्य : बुढ़ापा कोई अभिशाप नहीं, बल्कि भगवान की कृपा ]]></title>
            <description><![CDATA[ !! बुढ़ापा देने के पीछे भगवान का अद्भुत उद्देश्य !! यह लेख ऐसा है कि पढ़कर आँखें नम हो जाएँ... सारांश : एक बार इंसान ने भगवान से पूछा— “अगर आप चाहें तो इंसान को हमेशा जवान और जवान ही रख सकते हैं, है ना?” तब भगवान मुस्कुराकर बोले: 1. आँखों की रोशनी कम कर दी → ताकि उसे इस खूबसूरत दुनिया का मोह कम हो जाए। 2. शरीर पर झुर्रियाँ डाल दीं → ताकि उसे अपनी सुंदरता का मोह... ]]></description>
            <link>https://paliwalwani.com/informative-inspirational-story/gods-amazing-purpose-behind-giving-old-age-old-age-is-not-a-curse-but-gods-grace</link>
            <guid isPermaLink="false">7520bb500e09b7fba14267262b33ce2f</guid>
            <pubDate>Tue, 01 Sep 2026 21:03:56 +0530</pubDate>
            <author>
				<![CDATA[ Paliwalwani ]]>
			</author>
        </item>
        <item>
            <title><![CDATA[ माता सीता की कथा : ज्ञान -रतन -धन -पायो ]]></title>
            <description><![CDATA[ भगवान श्रीराम राजसभा में विराज रहे थे उसी समय विभीषण वहां पहुंचे। वे बहुत भयभीत और हड़बड़ी में लग रहे थे। सभा में प्रवेश करते ही वे कहने लगे- हे राम! मुझे बचाइए, कुंभकर्ण का बेटा मूलकासुर आफत ढा रहा है। अब लगता है, न लंका बचेगी और न मेरा राजपाट। भगवान श्रीराम द्वारा ढांढस बंधाए जाने और पूरी बात बताए जाने पर विभीषण ने बताया कि कुंभकर्ण का एक बेटा मूल नक्षत्र में पैदा हुआ था इसलिए उस... ]]></description>
            <link>https://paliwalwani.com/informative-inspirational-story/story-of-mother-sita-knowledge-ratan-dhan-payo</link>
            <guid isPermaLink="false">046127d915c90b42bc1a1376242d1e21</guid>
            <pubDate>Sun, 23 Aug 2026 22:00:05 +0530</pubDate>
            <author>
				<![CDATA[ Paliwalwani ]]>
			</author>
        </item>
        <item>
            <title><![CDATA[ “तुम पाँचों भाई वन में जाओ। वहाँ जो कुछ भी अद्भुत या विचित्र दिखाई दे, उसे देखकर मेरे पास लौट आओ। ]]></title>
            <description><![CDATA[ महाभारत के युद्ध की समाप्ति के पश्चात, जब समय का चक्र पुनः अपनी सामान्य गति से चलने लगा, तब एक दिन भगवान श्रीकृष्ण ने पाँचों पांडवों को आज्ञा दी— “तुम पाँचों भाई वन में जाओ। वहाँ जो कुछ भी अद्भुत या विचित्र दिखाई दे, उसे देखकर मेरे पास लौट आओ। मैं तुम्हें उसका प्रभाव और अर्थ समझाऊँगा।” पाँचों पांडव वन की ओर प्रस्थान कर गए। सबसे पहले धर्मराज युधिष्ठिर ने एक विचित्र दृश्य देखा। उन्होंने देखा कि एक हाथी की... ]]></description>
            <link>https://paliwalwani.com/informative-inspirational-story/all-five-of-you-brothers-go-to-the-forest-whatever-wonderful-or-strange-thing-you-see-there-come-bac</link>
            <guid isPermaLink="false">e0bd056ad00e30db167713b2fe6432b7</guid>
            <pubDate>Sun, 23 Aug 2026 18:28:36 +0530</pubDate>
            <author>
				<![CDATA[ Paliwalwani ]]>
			</author>
        </item>
        <item>
            <title><![CDATA[ आत्मबोध : परलोक कहाँ है? ]]></title>
            <description><![CDATA[ मनुष्य का वास्तविक स्वरूप केवल शरीर और मन तक सीमित नहीं है शरीर तो मिट्टी से बना हुआ नश्वर आवरण है मन भी परिस्थितियों के अनुसार बदलता रहता है किंतु आत्मा शाश्वत अजर, अमर और अविनाशी है। वही आत्मा जीवन की धुरी है, चेतना का स्रोत है और संपूर्ण अस्तित्व का आधार है। उपनिषदों में आत्मा को अमृत तत्व कहा है ईशवास्योपनिषद उद्घोष करता है कि ईशावास्यमिदं सर्वं यत्किञ्च जगत्यां जगत् अर्थात इस संपूर्ण जगत में उसी दिव्य आत्म... ]]></description>
            <link>https://paliwalwani.com/informative-inspirational-story/self-realization-where-is-the-afterlife</link>
            <guid isPermaLink="false">a3116fcb0ff78581d441a3de68287e73</guid>
            <pubDate>Sun, 02 Aug 2026 19:26:11 +0530</pubDate>
            <author>
				<![CDATA[ Paliwalwani ]]>
			</author>
        </item>
        <item>
            <title><![CDATA[ मृत्य और जीवन : ज्ञान -रतन -धन -पायो ]]></title>
            <description><![CDATA[ मृत्यु इस पृथ्वी की सबसे बडी माया है इसे भ्रम भी कह सकते है ,और इसी कारण इस लोक को मृत्युलोक भी कहते है। विज्ञान कहता है कि क्रोमोजोम्स की मृत्यु ही मनुष्य की मृत्यु है। ये क्रोमोजोम्स एक निश्चित अवधि तक ही सक्रिय रहते है। परन्तु अध्यात्म कहता है कि मनुष्य एक भौतिक ईकाई मात्र नही है। बल्कि एक अभौतिक पदार्थ है जो मृत्यु के समय शरीर से मिलकर शुन्य मे चला जाता है, एवं समय पाकर पुनः नया... ]]></description>
            <link>https://paliwalwani.com/informative-inspirational-story/death-and-life-knowledge-ratan-dhan-pyo</link>
            <guid isPermaLink="false">e2e0c7c57d6094dd987599a151c9d443</guid>
            <pubDate>Fri, 31 Jul 2026 23:27:05 +0530</pubDate>
            <author>
				<![CDATA[ Paliwalwani ]]>
			</author>
        </item>
        <item>
            <title><![CDATA[ प्रेरक प्रंसग : बुजुर्गों के अनुभव की छत्र छाया  : अब तुम लोग इस नदी को खाली करो, जिससे हम इसमे दूध बहा सके ]]></title>
            <description><![CDATA[ आजकल बहुत लोग सोचते है की अगर कोई बूढ़ा व्यक्ति है तो उसका कोई महत्त्व नहीं है। किन्तु आज आप लोगों को एक कहानी के माध्यम से बताना चाहता हूँ की बुजुर्गों का महत्त्व क्या है। एक बार की बात है, एक लड़का था जिसका नाम &quot;रवि&quot; था और वो एक शहर में नौकरी करता था। उसके साथ एक लड़की भी काम करती थी जिसका नाम &quot;कोमल&quot; था। काम करते-करते ये दोनों एक दूसरे को पसंद करने लगे और विवाह... ]]></description>
            <link>https://paliwalwani.com/informative-inspirational-story/inspirational-story-shadow-of-experience-of-elders-now-you-people-empty-this-river-so-that-we-can-mi</link>
            <guid isPermaLink="false">98a4fe5f4cd325b0d131fffdcb9f618c</guid>
            <pubDate>Sun, 26 Jul 2026 22:35:09 +0530</pubDate>
            <author>
				<![CDATA[ Paliwalwani ]]>
			</author>
        </item>
        <item>
            <title><![CDATA[ हार-जीत का फैसला ]]></title>
            <description><![CDATA[ बहुत समय पहले की बात है। आदि शंकराचार्य और मंडन मिश्र के बीच सोलह दिन तक लगातार शास्त्रार्थ चला। शास्त्रार्थ में निर्णायक थीं- मंडन मिश्र की धर्म पत्नी देवी भारती। हार-जीत का निर्णय होना बाक़ी था, इसी बीच देवी भारती को किसी आवश्यक कार्य से कुछ समय के लिये बाहर जाना पड़ गया। लेकिन जाने से पहले देवी भारती ने दोनों ही विद्वानों के गले में एक-एक फूल माला डालते हुए कहा, ये दोनों मालाएँ मेरी अनुपस्थिति में आपके हार... ]]></description>
            <link>https://paliwalwani.com/informative-inspirational-story/decision-of-victory-or-defeat</link>
            <guid isPermaLink="false">0daf2855c770bf6e9d55b2153ed179d8</guid>
            <pubDate>Thu, 16 Jul 2026 00:50:43 +0530</pubDate>
            <author>
				<![CDATA[ Paliwalwani ]]>
			</author>
        </item>
        <item>
            <title><![CDATA[ स्वर्ग, नर्क और हम ]]></title>
            <description><![CDATA[ ​मृत्यु के बाद स्वर्ग में जगह मिले, इसके लिए इंसान जिंदगी भर कितनी जद्दोजहद करता है, मानो स्वर्ग कोई नई हाउसिंग सोसाइटी हो और वहां 1 BHK बुक करने के लिए पॉइंट्स जमा करने हों। ​लेकिन मुझे एक सवाल सूझता है। ​अगर हम पहले से ही स्वर्ग में रह रहे हों तो? ​जरा सुबह उठकर अपने आस-पास गौर से देखिए। ​बटन दबाया कि लाइट जल गई। दूसरा बटन दबाया कि पंखा चलने लगा। तीसरा दबाया तो एसी चालू हो गया।... ]]></description>
            <link>https://paliwalwani.com/informative-inspirational-story/heaven-hell-and-us</link>
            <guid isPermaLink="false">9bdb103e90ea7654d74af46e28955cdf</guid>
            <pubDate>Fri, 10 Jul 2026 23:00:55 +0530</pubDate>
            <author>
				<![CDATA[ Paliwalwani ]]>
			</author>
        </item>
        <item>
            <title><![CDATA[ प्राचीन सीतामाता अभयारण्य में मिले आदिमानव कालीन शैल चित्र ]]></title>
            <description><![CDATA[ चन्द्र शेखर मेहता प्रतापगढ़. प्रतापगढ़ के जंगलों में आदिमानव कालीन शैल चित्रों की खोज वर्षों के कड़े वन अन्वेषण अभियानों का परिणाम है। पर्यावरणप्रेमी मंगल मेहता की वर्षो की मेहनत से मिली यह खोज साबित करती है कि हमारा प्रतापगढ प्रागैतिहासिक काल में भी मानव सभ्यता और संस्कृति विकास का एक बेहद समृद्ध केंद्र था। ये चित्र सिर्फ पत्थरों पर उकेरी गई आकृतियां नहीं हैं, बल्कि हजारों साल पुराने हमारे पूर्वजों के जीवन और प्रकृति के साथ उनके जुड़ाव का... ]]></description>
            <link>https://paliwalwani.com/informative-inspirational-story/rock-paintings-of-primitive-man-found-in-ancient-sitamata-sanctuary</link>
            <guid isPermaLink="false">1879d86182406f85729d6d32fdb8d4dc</guid>
            <pubDate>Fri, 10 Jul 2026 00:29:38 +0530</pubDate>
            <author>
				<![CDATA[ Paliwalwani ]]>
			</author>
        </item>
        <item>
            <title><![CDATA[ एक स्त्री को पति के सामने नहीं करने चाहिए ये 4 काम, जानें चाणक्य नीति का रहस्य ]]></title>
            <description><![CDATA[ Chanakya Niti Thoughts : आचार्य चाणक्य को राजनीति, अर्थशास्त्र और जीवन प्रबंधन का बड़ा विद्वान माना जाता है. उनकी चाणक्य नीति में रिश्तों, परिवार और शादीशुदा जीवन को बेहतर बनाने से जुड़ी कई सीख मिलती हैं. आज के समय में हर रिश्ता भरोसे, सम्मान और अच्छी बातचीत पर टिका होता है. चाणक्य भी कुछ ऐसी ही बातें बताते हैं, जो पति-पत्नी के रिश्ते को मजबूत बनाने में मदद कर सकती हैं. आइए जानते हैं, वे 4 आदतें जिनसे बचने की... ]]></description>
            <link>https://paliwalwani.com/informative-inspirational-story/a-woman-should-not-do-these-4-things-in-front-of-her-husband-know-the-secret-of-chanakya-niti</link>
            <guid isPermaLink="false">ee2ea69e96edae297e79b835e3d75ba5</guid>
            <pubDate>Wed, 08 Jul 2026 23:22:35 +0530</pubDate>
            <author>
				<![CDATA[ Paliwalwani ]]>
			</author>
        </item>
        <item>
            <title><![CDATA[ श्रवण कुमार के माता-पिता का श्राप बना दशरथ के लिए वरदान और क्यों अयोध्या में श्रीराम...! ]]></title>
            <description><![CDATA[ महाराजा दशरथ को जब संतान प्राप्ति नहीं हो रही थी तब वो बड़े दुःखी रहते थे, पर ऐसे समय में उनको एक ही बात से हौंसला मिलता था जो कभी उन्हें आशाहीन नहीं होने देता था और वह था श्रवण कुमार के पिता का श्राप। दशरथ जब-जब दुःखी होते थे तो उन्हें श्रवण के पिता का दिया श्राप याद आ जाता था (कालिदास ने रघुवंशम में इसका वर्णन किया है) श्रवण के पिता ने ये श्राप दिया था कि &#039;&#039;जैसे... ]]></description>
            <link>https://paliwalwani.com/informative-inspirational-story/the-curse-of-shravan-kumars-parents-became-a-boon-for-dashrath-and-why-shri-ram-in-ayodhya</link>
            <guid isPermaLink="false">cfbf87090e9ad76141af27b5498187cf</guid>
            <pubDate>Wed, 08 Jul 2026 22:41:30 +0530</pubDate>
            <author>
				<![CDATA[ Paliwalwani ]]>
			</author>
        </item>
        <item>
            <title><![CDATA[ अमरनाथ यात्रा के 5वें दिन अंतर्ध्यान हुए बाबा बर्फानी! समय से पहले पवित्र हिमलिंग पिघलने से भक्तों में मायूसी ]]></title>
            <description><![CDATA[ अमरनाथ. सालाना अमरनाथ यात्रा को शुरू हुए अभी पहला हफ्ता ही बीता है, लेकिन बाबा बर्फानी के भक्तों के लिए एक परेशान करने वाली खबर सामने आ रही है. पवित्र अमरनाथ गुफा के अंदर प्राकृतिक रूप से बनने वाला बर्फ का शिवलिंग यात्रा के शुरुआती 5 दिनों में ही लगभग पूरी तरह से लुप्त यानी अंतर्ध्यान हो गया है. जानकारों और पर्यावरणविदों का कहना है कि इसके पीछे बढ़ती ग्लोबल वार्मिंग और पवित्र गुफा के आसपास इंसानों की अत्यधिक आवाजाही... ]]></description>
            <link>https://paliwalwani.com/informative-inspirational-story/baba-barfani-passed-away-on-the-5th-day-of-amarnath-yatra</link>
            <guid isPermaLink="false">1a774a4b2efb20568e17fa7b95de966e</guid>
            <pubDate>Tue, 07 Jul 2026 23:47:34 +0530</pubDate>
            <author>
				<![CDATA[ Paliwalwani ]]>
			</author>
        </item>
        <item>
            <title><![CDATA[ क्या तुमने बेर, जामुन, खजूर खाना छोड़ दिया है, नहीं रे पगले मतलब तूने जीना छोड़ दिया है...! ]]></title>
            <description><![CDATA[ क्या तुमने बेर,जामुन,खजूर खाना छोड़ दिया है...! नहीं रे पगले मतलब तूने जीना छोड़ दिया है...!! ​आजकल की भागदौड़ भरी जिंदगी में हम सबने एक बहुत ही अजीब तरह का समझौता कर लिया है। सुबह की शुरुआत अलार्म की कर्कश आवाज़ से होती है, और रात का अंत लैपटॉप की नीली रोशनी के सामने। इस दौड़ में, हमने न केवल अपने स्वाद को बदला है, बल्कि अपनी आत्मा का एक हिस्सा भी कहीं पीछे छोड़ दिया है। ​&quot;क्या तुमने बेर,... ]]></description>
            <link>https://paliwalwani.com/informative-inspirational-story/have-you-stopped-eating-plums-blackberries-dates-no-you-fool-that-means-you-have-stopped-living</link>
            <guid isPermaLink="false">e7776432eeb8726ed42b5ecc4c1ce870</guid>
            <pubDate>Mon, 06 Jul 2026 20:02:17 +0530</pubDate>
            <author>
				<![CDATA[ Paliwalwani ]]>
			</author>
        </item>
        <item>
            <title><![CDATA[ नई शुरूआत... ]]></title>
            <description><![CDATA[ आदित्य एक सफल व्यक्ति था, जो एक प्रतिष्ठित कंपनी में काम करता था। उसने एक सुंदर फ्लैट भी खरीदा था, जहां वह आराम से रह सकता था। उसकी जिंदगी में सब कुछ सही चल रहा था, लेकिन एक चीज़ ने उसे हमेशा परेशान किया – उसका तलाक। उसकी पत्नी प्रिया से उसका तलाक डेढ़ साल पहले हुआ था। उस दिन की यादें उसे अभी भी परेशान कर रही थी एक शाम, जब आदित्य अपने फ्लैट में आराम करने के... ]]></description>
            <link>https://paliwalwani.com/informative-inspirational-story/new-beginning</link>
            <guid isPermaLink="false">c10c1a1f1713b091c47371b543be8535</guid>
            <pubDate>Sun, 05 Jul 2026 14:04:20 +0530</pubDate>
            <author>
				<![CDATA[ Paliwalwani ]]>
			</author>
        </item>
        <item>
            <title><![CDATA[ आओ कहानी सुने : इंसानियत और संवेदना :  दंड और न्याय ]]></title>
            <description><![CDATA[ कुछ चार दिन पहले ग्रुप में एक मार्मिक कहानी प्रकाशित हुई थी। उसमें बताया गया था कि एक दिन अदालत का पूरा कक्ष उस समय स्तब्ध रह गया, जब 91 वर्षीया हेलन काँपते कदमों से अदालत में पहुँचीं। उम्र के बोझ से झुका शरीर, झुर्रियों से भरा चेहरा और हाथों में हथकड़ियाँ। उनका अपराध भी ऐसा था, जिसे सुनकर न्यायाधीश तक भावुक हो गए थे। वह कहानी केवल कानून की नहीं, बल्कि इंसानियत और संवेदना की थी। इस कहानी से... ]]></description>
            <link>https://paliwalwani.com/informative-inspirational-story/lets-listen-to-the-story-humanity-and-compassion-punishment-and-justice</link>
            <guid isPermaLink="false">c2c86788ca17eea2353cb76376e1f220</guid>
            <pubDate>Sun, 05 Jul 2026 13:51:44 +0530</pubDate>
            <author>
				<![CDATA[ Paliwalwani ]]>
			</author>
        </item>
    </channel>
</rss>
